फ़ाइल क्रमांक CS-WMC-001 · केंद्रीय योजना · महिला एवं बाल विकास मंत्रालय

बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ — BBBP

घटते बाल लिंगानुपात को सुधारने और बेटियों की शिक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक राष्ट्रीय जागरूकता अभियान — यह कोई सीधी नकद योजना नहीं, बल्कि नीति और सामुदायिक स्तर का हस्तक्षेप है।

ज़रूरी बात: BBBP के तहत कोई सीधी नकद राशि या लाभ नहीं मिलता। यह एक जागरूकता, नीति और निगरानी कार्यक्रम है। यदि आप बेटी के लिए वित्तीय लाभ खोज रहे हैं, तो सुकन्या समृद्धि योजना या संबंधित राज्य योजना (जैसे कन्या सुमंगला, कन्या उत्थान, राजश्री) देखें।

यह कार्यक्रम क्या है

22 जनवरी 2015 को शुरू हुआ BBBP भारत के कुछ हिस्सों में गिरते बाल लिंगानुपात (जन्म के समय प्रति 1,000 लड़कों पर लड़कियों की संख्या) की गंभीर समस्या से निपटने के लिए बनाया गया है। यह तीन स्तंभों पर काम करता है: कन्या भ्रूण हत्या और लिंग-चयन को रोकने के लिए सख्त कानून प्रवर्तन (PC&PNDT अधिनियम), बेटियों के मूल्य के बारे में सामुदायिक जागरूकता बढ़ाना, और बेटियों की शिक्षा एवं जीवन रक्षा को बढ़ावा देना। यह पहले से कमज़ोर लिंगानुपात वाले ज़िलों में विशेष रूप से केंद्रित है, और स्कूलों, स्वास्थ्य केंद्रों तथा स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर काम करता है।

यह किसके लिए है

  • यह कोई व्यक्तिगत लाभार्थी योजना नहीं है — यह पूरे समुदाय और ज़िला-स्तरीय प्रशासनिक व्यवस्था को लक्षित करती है।
  • सबसे कमज़ोर बाल लिंगानुपात वाले ज़िलों को प्राथमिकता दी जाती है, हालांकि जागरूकता गतिविधियां पूरे देश में चलती हैं।

इसमें क्या शामिल है

  • कन्या भ्रूण हत्या और लिंग-चयन तकनीकों के खिलाफ सख्त निगरानी और कानूनी कार्रवाई।
  • स्कूलों, आंगनवाड़ी केंद्रों, और सामुदायिक कार्यक्रमों के माध्यम से जागरूकता अभियान।
  • बेटियों की स्कूल में उपस्थिति और नामांकन दर की निगरानी।
  • बाल लिंगानुपात के आंकड़ों की ज़िला-स्तर पर नियमित ट्रैकिंग।

जुड़ना चाहते हैं?

क्योंकि यह एक व्यक्तिगत आवेदन वाली योजना नहीं है, इसमें "आवेदन" करने का कोई फॉर्म नहीं है। यदि आप अपने क्षेत्र में इस अभियान से जुड़ना चाहते हैं (जागरूकता कार्यक्रम, स्कूल में गतिविधियां, या रिपोर्टिंग), तो अपने ज़िला महिला एवं बाल विकास कार्यालय या स्थानीय आंगनवाड़ी केंद्र से संपर्क करें।