यह योजना क्या देती है
NSAP असल में एक नहीं, बल्कि कई पेंशन योजनाओं का संयुक्त ढांचा है, जो गरीब परिवारों के सबसे कमज़ोर सदस्यों को कवर करता है। इसके मुख्य घटक हैं: इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना (60-79 वर्ष के लिए ₹200/माह, 80+ के लिए ₹500/माह), इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन योजना (40-79 वर्ष की विधवाओं के लिए ₹300/माह), और इंदिरा गांधी राष्ट्रीय दिव्यांगजन पेंशन योजना (गंभीर/एकाधिक दिव्यांगता वाले 18-79 वर्ष के व्यक्तियों के लिए ₹300/माह)। ज़्यादातर राज्य इन केंद्रीय राशियों में अपनी ओर से अतिरिक्त राशि जोड़ते हैं, इसलिए वास्तविक हाथ में मिलने वाली पेंशन आमतौर पर इन आधार राशियों से कहीं अधिक होती है — अपने राज्य की समग्र पेंशन राशि देखें।
कौन पात्र है
- BPL (गरीबी रेखा से नीचे) परिवार से संबंधित होना ज़रूरी है।
- वृद्धावस्था पेंशन: 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र।
- विधवा पेंशन: 40 से 79 वर्ष की विधवा महिलाएं।
- दिव्यांगजन पेंशन: 18 से 79 वर्ष, 80% या उससे अधिक दिव्यांगता या एकाधिक दिव्यांगता वाले व्यक्ति।
आवश्यक दस्तावेज़
- आधार कार्ड
- आयु प्रमाण
- BPL प्रमाण पत्र
- विधवा/दिव्यांगता प्रमाण पत्र, जैसा लागू हो
- बैंक/डाकघर खाता विवरण
आवेदन कैसे करें
- यह योजना आमतौर पर राज्य सरकार के सामाजिक कल्याण विभाग या ग्राम पंचायत के माध्यम से लागू होती है — अपने राज्य की पेंशन पोर्टल या स्थानीय पंचायत/नगरपालिका कार्यालय से संपर्क करें।
- श्रेणी (वृद्धावस्था/विधवा/दिव्यांगता) के अनुसार आवेदन फॉर्म भरें, आवश्यक दस्तावेज़ जमा करें।
- आवेदन स्थानीय स्तर पर सत्यापित होता है।
- स्वीकृति के बाद, केंद्रीय हिस्सा और राज्य का अतिरिक्त हिस्सा मिलाकर पेंशन बैंक/डाकघर खाते में जमा होती है।
- nsap.nic.in पर योजना विवरण और अपने राज्य के लागू पोर्टल का लिंक मिल सकता है।