यह योजना क्या देती है
2 अक्टूबर 2014 को शुरू हुए इस मिशन के पहले चरण ने भारत को खुले में शौच मुक्त (ODF) घोषित कराने के लक्ष्य के साथ लाखों घरों में शौचालय बनवाए, प्रति शौचालय ₹12,000 की प्रोत्साहन राशि देकर। दूसरा चरण (SBM-G फेज़ 2, 2020 से) अब ODF दर्जे को बनाए रखने ("ODF Plus"), और ठोस-तरल अपशिष्ट प्रबंधन, गंदे पानी की निकासी, और गांवों को समग्र रूप से स्वच्छ व दृश्य रूप से साफ बनाने पर केंद्रित है। यह योजना सिर्फ बुनियादी ढांचा बनाना ही नहीं, बल्कि व्यवहार परिवर्तन — यानी हर घर में शौचालय के नियमित उपयोग को भी बढ़ावा देना है।
कौन पात्र है
- ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाला कोई भी परिवार, जिसके घर में अभी तक शौचालय नहीं है।
- प्राथमिकता आमतौर पर BPL, अनुसूचित जाति/जनजाति, और अन्य कमज़ोर वर्ग के परिवारों को दी जाती है, हालांकि योजना का दायरा व्यापक है।
आवश्यक दस्तावेज़
- आधार कार्ड
- निवास प्रमाण
- बैंक खाता विवरण
- BPL/श्रेणी प्रमाण पत्र, जहां लागू हो
आवेदन कैसे करें
- अपने ग्राम पंचायत कार्यालय या स्वच्छता समिति से संपर्क करें।
- शौचालय निर्माण के लिए आवेदन फॉर्म भरें, आधार और बैंक विवरण जमा करें।
- निर्माण पूरा होने पर, स्थानीय अधिकारी सत्यापन के लिए निरीक्षण करते हैं।
- सत्यापन के बाद, ₹12,000 की प्रोत्साहन राशि सीधे बैंक खाते में जमा होती है (कुछ मामलों में निर्माण से पहले भी किस्त मिल सकती है — अपनी पंचायत से पुष्टि करें)।
- sbm.gov.in पर अपने ज़िले/गांव की ODF स्थिति देखी जा सकती है।